9. सजीव एवं उनका परिवेश Science class 6 exercise अतिरिक्त प्रश्नोत्तर
9. सजीव एवं उनका परिवेश Science class 6 exercise अतिरिक्त प्रश्नोत्तर ncert book solution in hindi-medium
NCERT Books Subjects for class 6th Hindi Medium
अध्याय समीक्षा
अध्याय-समीक्षा
- हम अपने आस-पास होने वाले परिवर्तनों के प्रति अनुक्रिया करते हैं वातावरण में होने वाले इन परिवर्तनों को उद्दीपन कहते हैं।
- किसी सजीव का वह परिवेश जिसमें वह रहता है, उसका आवास कहलाता है।
- जिन विशिष्ट संरचनाओं अथवा स्वभाव की उपस्थिति किसी पौधे अथवा जंतु को उसके परिवेश में रहने के योग्य बनाती है, अनुकूलन कहते हैं।
- स्थल (जमीन) पर पाए जाने वाले पौधों एवं जंतुओं के आवास को स्थलीय आवास कहते हैं।
- जलाशय, दलदल, झील, नदियाँ एवं समुद्र, जहाँ पौधे एवं जंतु जल में रहते हैं, जलीय आवास कहते है।
- किसी आवास में पाए जाने वाले सभी जीव जैसे कि पौधे एवं जंतु उसके जैव घटक हैं।
- चट्टान, मिट्टी, वायु एवं जल जैसी अनेक निर्जीव वस्तुएँ आवास के अजैव घटक हैं। सूर्य का प्रकाश एवं ऊष्मा भी परिवेश के अजैव घटक हैं।
- यह बीज से एक नए पौधे का प्रारंभ है, जब बीज से अंकुरन निकल आता है तो इस प्रक्रिया को अंकुरन कहते है ।
- सजीवों को भोजन, श्वसन तथा उत्सर्जन करते है। इनमें जनन की क्रिया होती है, वे वृद्धि और गति करते हैं।
- नागफनी में समान्यत: प्रकाश-संश्लेषण तने में होता है |
- अल्प अवधि में किसी एक जीव के शरीर में होने वाले ये छोटे-छोटे परिवर्तन पर्यनुकूलन कहलाते हैं।
अभ्यास
अभ्यास
Q1. आवास किसे कहते हैं?
उत्तर: वह परिवेश जिसमें पौधें और जंतु रहते हैं, उनका आवास कहलाता हैं|
Q2. कैक्टस मरुस्थल में जीवनयापन के लिए किस प्रकार अनुकूलित है?
उत्तर: (i) कैक्टस वाष्पोसर्जन द्वारा जल की बहुत काम मात्रा निष्कासितकरता हैं|
(ii) पत्तियां या तो बहुत छोटी होती हैं या वे कांटे के रूप में होती है, जो पत्तिया से होने वाले वाष्पोंसर्जन के कारण होने वाले कल ह्रास में कमी लाती हैं|
(iii) कैक्टस में दिखाई पड़ने वाले पत्तियों जैसी संरचना वास्तव में इसका ताना है|
(iv) इन पौधें में प्रकाश - संश्लेषण की क्रिया ताने द्वारा होती है|
(v) तना एक मोटी परत से ढका होता हैं, जिससे पौधें को जल संरक्षण में सहायता मिलाती हैं|
(vi) कैक्टस की जड़ें जल अवशोषण के लिए मिट्टी में बहुत गहराई तक चली जाती है|
Q3. रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए:
(क) पौधे एवं जंतुओं में पाए जाने वाले विशिष्ट लक्षण जो उन्हें आवास विशेष में रहने योग्य बनाते हैं, ------------------ कहलाते हैं।
(ख) स्थल पर पाए जाने वाले पौधें एवं जंतुओं के आवास को ------------------ आवास
कहते हैं।
(ग) वे आवास जिनमें जल में रहने वाले पौधे एवं जंतु रहते हैं, ------------------ आवास
कहलाते हैं।
(घ) मृदा, जल एवं वायु किसी आवास के ------------------ घटक हैं।
(घ) हमारे परिवेश में होने वाले परिवर्तन जिनके प्रति हम अनुक्रिया करते हैं, ------------------ कहलाते हैं।
उत्तर:
(क) अनुकूलन
(ख) स्थलीय
(ग) जलीय
(घ) अजीव
(ड) उद्दीपन
Q4. निम्नलिखित सूची में कौन-सी निर्जीव वस्तुएँ हैं?
हल, छत्राक, सिलाई मशीन, रेडियो, नाव, जलकुंभी, केंचुआ ।
उत्तर: हल, सिलाई मशीन, रेडियो, नाव|
Q5. किसी ऐसी निर्जीव वस्तु का उदाहरण दीजिए जिसमें सजीवों के दो लक्षण दिखाई देते हैं।
उत्तर: उदाहरण : कार|
(i) उत्सर्जन|
(ii) ऑक्सीजन की आवश्यकता|
Q6. निम्न में से कौन-सी निर्जीव वस्तुएँ किसी समय सजीव का अंश थीं?
मक्खन, चमड़ा, मृदा, ऊन, बिजली का बल्ब, खाद्य-तेल, नमक, सेब, रबड़।
उत्तर: मक्खन, चमड़ा, ऊन, खाद्य तेल, सेब, रबड़|
Q7. सजीवों के विशिष्ट लक्षण सूचीबद्ध कीजिए?
उत्तर: सजीवों की सामान्य विशेषताएँ हैं :
(i) वृद्धि,
(ii) श्वसन
(iii) भोजन की आवश्यकता
(iv) उद्दीपन के प्रति अनुक्रिया
(v) उत्सर्जन
(vi) प्रजनन
(vii) गति
Q8. घास के मैदानी क्षेत्रों में रहने वाले जंतुओं को अपना अस्तित्व बनाए रखने के लिए तीव्र गति क्यों आवश्यक है। (संकेत-घासस्थल आवासों में छिपने के लिए वृक्षों की संख्या बहुत कम होती है।
उत्तर: मैदानों में जतुओं के छिपने के लिए वृक्षों की संख्या बहुत काम होती हैं| चीता हिरन को खता है| बचने के लिए, हिरन चीते से तेज भागता हैं| इस प्रकार घास के मैदानों में जीवन के लिए गति बहुत महत्वपूर्ण होती हैं|
अतिरिक्त प्रश्नोत्तर
अतिरिक्त प्रश्नोत्तर :
प्रश्न 1: मछली किस अंग से सांस लेती है ?
उत्तर : मछली अपने गिल से सांस लेती है।
प्रश्न 2: आवास किसे कहते है ?
उत्तर : किसी सजीव का वह परिवेश जिसमें वह रहता है, उसका आवास कहलाता है।
प्रश्न 3: अनुकूलन किसे कहते हैं ?
उत्तर : जिन विशिष्ट संरचनाओं अथवा स्वभाव की उपस्थिति किसी पौधे अथवा जंतु को उसके परिवेश में रहने के योग्य बनाती है, अनुकूलन कहते हैं।
प्रश्न 4: स्थलीय आवास किसे कहते है ?
उत्तर : स्थल (जमीन) पर पाए जाने वाले पौधों एवं जंतुओं के आवास को स्थलीय आवास कहते हैं।
प्रश्न 5: जलीय आवास किसे कहते है ?
उत्तर : जलाशय, दलदल, झील, नदियाँ एवं समुद्र, जहाँ पौधे एवं जंतु जल में रहते हैं, जलीय आवास कहते है।
प्रश्न 6: जैव घटक किसे कहते है ?
उत्तर : किसी आवास में पाए जाने वाले सभी जीव जैसे कि पौधे एवं जंतु उसके जैव घटक हैं।
प्रश्न 7: अजैव घटक किसे कहते है ?
उत्तर : चट्टान, मिट्टी, वायु एवं जल जैसी अनेक निर्जीव वस्तुएँ आवास के अजैव घटक हैं। सूर्य का प्रकाश एवं ऊष्मा भी परिवेश के अजैव घटक हैं।
प्रश्न 8: अंकुरन किसे कहते है ?
उत्तर : यह बीज से एक नए पौधे का प्रारंभ है, जब बीज से अंकुरन निकल आता है तो इस प्रक्रिया को अंकुरन कहते है ।
प्रश्न 9: भिन्न-भिन्न आवासों में जीवों की विविधता का क्या कारण है ?
उत्तर : भिन्न-भिन्न आवासों के अजैव कारकों में परिवर्तन होते रहते है। जंतु विभिन्न अजैव कारकों के लिए विभिन्न विधियों से अपने आपको अनुकूलित कर लेते हैं। वे जंतु जो इन परिवर्तनों के प्रति अपने आपको नहीं ढाल पाते वे मर जाते हैं। वे जन्तु जो अपने आपको अनुकुलित कर लेते हैं उनमें विविधता पाई जाती है।
प्रश्न 10: सजीवों समान्य चरित्रागत लक्षणोें को लिखों ।
उत्तर :
(i) सजीवों को भोजन, श्वसन तथा उत्सर्जन करते है।
(ii) इनमें जनन की क्रिया होती है|
(iii) वे वृद्धि और गति करते हैं।
प्रश्न 11: डॉलफिन एवं व्हेल जैसे कुछ जंतुओं में गिल नहीं होते तो वे किस अंग के द्वारा श्वास लेते हैं ?
उत्तर : ये सिर पर स्थित नासाद्वार अथवा वात-छिद्रों द्वारा श्वास लेते हैं।
प्रश्न 12: उत्सर्जन किसे कहते है ?
उत्तर : हमारे शरीर में कुछ अपशिष्ट पदार्थ उत्पन्न होते हैं, सजीवों द्वारा इन अपशिष्ट पदार्थों के निष्कासन के प्रक्रम को उत्सर्जन कहते हैं।
प्रश्न 13: उद्दीपन किसे कहते है ?
उत्तर : वातावरण में होने वाले इन परिवर्तनों को उद्दीपन कहते हैं।
प्रश्न 14: दो मरूस्थलीय पौधें का नाम लिखों ।
उत्तर : नागफनी और बबुल ।
प्रश्न 15: नागफनी में प्रकाश संश्लेषण पौधे के किस भाग से होता है ?
उत्तर : नागपफनी में प्रकाश-संश्लेषण सामान्यतः तने में होता है।
प्रश्न 16: नागफनी में तना का दो कार्य लिखों ।
उत्तर :
(i) नागफनी में प्रकाश-संश्लेषण सामान्यतः तने में होता है।
(ii) तना से जल-संरक्षण में सहायता मिलती है।
प्रश्न 17: पर्यनुकूलन किसे कहते है ?
उत्तर : अल्प अवधि में किसी एक जीव के शरीर में होने वाले ये छोटे-छोटे परिवर्तन को पर्यनकुलन कहते हैं |
प्रश्न 18: नागफनी मरूस्थल में जीवित रहने के लिए किस प्रकार अनुकूलन करता है ?
उत्तर : नागफनी एक मरुस्थलीय पौध है जिसमें पत्तियाँ या तो अनुपस्थित होती हैं अथवा बहुत छोटी होती हैं। इससे पत्तियों से होने वाले वाष्पोत्सर्जन में होने वाले जल ह्रास में कमी आती है। नागफनी में पत्ती जैसी जिस संरचना को आप देखते हैं, वह वास्तव में इसका तना है इन पौधों में प्रकाश-संश्लेषण सामान्यतः तने में होता है। तना एक मोटी मोमी परत से ढका होता है, जिससे पौधें को जल-संरक्षण में सहायता मिलती है। इस प्रकार नागफनी मरूस्थल में जीवित रहने के लिए अनुकूलन करता है ।
Select Class for NCERT Books Solutions
NCERT Solutions
NCERT Solutions for class 6th
NCERT Solutions for class 7th
NCERT Solutions for class 8th
NCERT Solutions for class 9th
NCERT Solutions for class 10th
NCERT Solutions for class 11th
NCERT Solutions for class 12th
sponder's Ads
Science Chapter List
1. भोजन : यह कहाँ से आता है
2. भोजन के घटक
3. तन्तु से वस्त्र तक
4. वस्तुओं के समूह बनाना
5. पदार्थों का पृथक्करण
6. हमारे चरों ओर के परिवर्तन
7. पौधों को जानिए
8. शरीर में गति
9. सजीव एवं उनका परिवेश
10. गति एवं दूरियों के मापन
11. प्रकाश-छायाएँ एवं परावर्तन
12. विद्युत् एवं परिपथ
13. चुम्बकों द्वारा मनोरंजन
14. जल
15. हमारे चारों ओर वायु
16. कचरा-संग्रहण एवं निपटान
sponser's ads

