Chapter 4. चुंबकों को जानें - Class 6 Science Curiosity Hindi CBSE Notes

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CBSE Notes for Class 6 – Chapter-wise Revision Notes

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Chapter 4. चुंबकों को जानें - Class 6 Science Curiosity Hindi CBSE Notes

Chapter 4. चुंबकों को जानें

Class 6 Science Curiosity Hindi Updated : 10 July 2026

Chapter 4. चुंबकों को जानें

इस अध्याय में आपने चुंबकों के प्रकार, चुंबकीय एवं अचुंबकीय पदार्थ, चुंबक के ध्रुव, आकर्षण एवं प्रतिकर्षण, चुंबकीय दिक्सूचक (कंपास) तथा दैनिक जीवन में चुंबकों के उपयोगों का अध्ययन किया। इस पृष्ठ में अध्याय के सभी महत्वपूर्ण शब्द, परिभाषाएँ एवं त्वरित पुनरावृत्ति बिंदु दिए गए हैं।

CBSE Notes - Key Points (मुख्य बिंदु)

यह अनुभाग परीक्षा की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसमें अध्याय के सभी प्रमुख शब्द, वैज्ञानिक शब्दावली, परिभाषाएँ तथा आवश्यक तथ्य सरल एवं संक्षिप्त रूप में दिए गए हैं।

Important Keywords (महत्वपूर्ण शब्द)

  • चुंबक (Magnet)
  • प्राकृतिक चुंबक (Natural Magnet)
  • कृत्रिम चुंबक (Artificial Magnet)
  • लोहरेतन (Magnetite)
  • छड़ चुंबक (Bar Magnet)
  • U-आकार चुंबक (Horseshoe Magnet)
  • वलय चुंबक (Ring Magnet)
  • चुंबकीय पदार्थ (Magnetic Materials)
  • अचुंबकीय पदार्थ (Non-magnetic Materials)
  • उत्तरी ध्रुव (North Pole)
  • दक्षिणी ध्रुव (South Pole)
  • आकर्षण (Attraction)
  • प्रतिकर्षण (Repulsion)
  • चुंबकीय क्षेत्र (Magnetic Field)
  • चुंबकीय दिक्सूचक / कंपास (Magnetic Compass)

Important Definitions (महत्वपूर्ण परिभाषाएँ)

चुंबक : वह पदार्थ जो लोहा, निकेल तथा कोबाल्ट जैसी कुछ धातुओं को अपनी ओर आकर्षित करता है।

प्राकृतिक चुंबक : जो चुंबक प्रकृति में स्वयं पाए जाते हैं, उन्हें प्राकृतिक चुंबक कहते हैं।

कृत्रिम चुंबक : मनुष्य द्वारा बनाए गए चुंबकों को कृत्रिम चुंबक कहते हैं।

चुंबकीय पदार्थ : वे पदार्थ जो चुंबक की ओर आकर्षित होते हैं।

अचुंबकीय पदार्थ : वे पदार्थ जो चुंबक की ओर आकर्षित नहीं होते।

उत्तरी ध्रुव : चुंबक का वह सिरा जो स्वतंत्र रूप से लटकाने पर उत्तर दिशा की ओर संकेत करता है।

दक्षिणी ध्रुव : चुंबक का वह सिरा जो दक्षिण दिशा की ओर संकेत करता है।

चुंबकीय दिक्सूचक (कंपास) : दिशा ज्ञात करने वाला उपकरण जिसमें चुंबकीय सुई लगी होती है।

चुंबकीय क्षेत्र : चुंबक के चारों ओर का वह क्षेत्र जहाँ तक उसका चुंबकीय प्रभाव कार्य करता है।

Scientific Terms (वैज्ञानिक शब्दावली)

English हिन्दी
Magnet चुंबक
Natural Magnet प्राकृतिक चुंबक
Artificial Magnet कृत्रिम चुंबक
Magnetic Material चुंबकीय पदार्थ
Non-magnetic Material अचुंबकीय पदार्थ
North Pole उत्तरी ध्रुव
South Pole दक्षिणी ध्रुव
Magnetic Field चुंबकीय क्षेत्र
Compass चुंबकीय दिक्सूचक (कंपास)
Attraction आकर्षण
Repulsion प्रतिकर्षण
Magnetite लोहरेतन

Important Facts (महत्वपूर्ण तथ्य)

  • प्रत्येक चुंबक के दो ध्रुव होते हैं।
  • समान ध्रुव एक-दूसरे को प्रतिकर्षित करते हैं।
  • असमान ध्रुव एक-दूसरे को आकर्षित करते हैं।
  • लोहा, निकेल एवं कोबाल्ट चुंबकीय पदार्थ हैं।
  • लकड़ी, प्लास्टिक, रबर एवं काँच अचुंबकीय पदार्थ हैं।
  • स्वतंत्र रूप से लटका चुंबक उत्तर-दक्षिण दिशा में ठहरता है।
  • कंपास की सुई स्वयं एक छोटा चुंबक होती है।
  • पृथ्वी एक विशाल चुंबक की भाँति व्यवहार करती है।
  • चुंबकीय प्रभाव कुछ अचुंबकीय पदार्थों के आर-पार भी कार्य कर सकता है।
  • चुंबकों का उपयोग दैनिक जीवन के अनेक उपकरणों में किया जाता है।

Quick Revision (त्वरित पुनरावृत्ति)

  • चुंबक → लोहे जैसी धातुओं को आकर्षित करता है।
  • प्राकृतिक चुंबक → लोहरेतन।
  • कृत्रिम चुंबक → छड़, U-आकार एवं वलय चुंबक।
  • दो ध्रुव → उत्तरी एवं दक्षिणी।
  • समान ध्रुव → प्रतिकर्षण।
  • असमान ध्रुव → आकर्षण।
  • कंपास → दिशा ज्ञात करता है।
  • पृथ्वी → एक विशाल चुंबक के समान कार्य करती है।
  • चुंबकीय पदार्थ → लोहा, निकेल, कोबाल्ट।
  • अचुंबकीय पदार्थ → लकड़ी, काँच, प्लास्टिक, रबर।

Chapter 4. चुंबकों को जानें

Class 6 Science Curiosity Hindi Updated : 13 July 2026

Chapter 4. चुंबकों को जानें

चुंबक मानव द्वारा खोजी गई सबसे उपयोगी प्राकृतिक घटनाओं में से एक है। आज कंपास, मोटर, जनरेटर, स्पीकर, मोबाइल फोन, कंप्यूटर, फ्रिज, एमआरआई मशीन तथा अनेक आधुनिक उपकरण चुंबक के सिद्धांत पर कार्य करते हैं। इस अध्याय में हम चुंबकों के गुण, प्रकार, ध्रुव, चुंबकीय क्षेत्र तथा उनके दैनिक जीवन में उपयोगों का विस्तृत अध्ययन करेंगे।

Detailed Notes (विस्तृत अध्ययन नोट्स)

चुंबक एक ऐसा पदार्थ है जो कुछ विशेष धातुओं को अपनी ओर आकर्षित करता है। प्रत्येक चुंबक के दो ध्रुव होते हैं तथा उसके चारों ओर एक अदृश्य चुंबकीय क्षेत्र होता है। चुंबकों के इन्हीं गुणों के कारण उनका उपयोग विज्ञान, उद्योग, चिकित्सा, परिवहन तथा दैनिक जीवन में व्यापक रूप से किया जाता है।

चुंबक (Magnet)

चुंबक वह पदार्थ है जो लोहा, निकेल तथा कोबाल्ट जैसी धातुओं को अपनी ओर आकर्षित करता है। चुंबकों में आकर्षण तथा प्रतिकर्षण दोनों गुण पाए जाते हैं। प्रत्येक चुंबक के दो ध्रुव होते हैं और इन्हें अलग नहीं किया जा सकता।

चुंबकों का इतिहास

ऐसा माना जाता है कि बहुत पहले यूनान (ग्रीस) के मैग्नेशिया नामक स्थान पर एक विशेष पत्थर पाया गया, जो लोहे की वस्तुओं को अपनी ओर आकर्षित करता था। इसी पत्थर को लोहरेतन (Magnetite) कहा गया और बाद में इसी से चुंबक शब्द का विकास हुआ।

चुंबकों के प्रकार

1. प्राकृतिक चुंबक (Natural Magnet)

प्राकृतिक रूप से पाए जाने वाले चुंबकों को प्राकृतिक चुंबक कहते हैं। इनका प्रमुख उदाहरण लोहरेतन (Magnetite) है।

विशेषताएँ

  • प्रकृति में स्वयं पाए जाते हैं।
  • इनकी चुंबकीय शक्ति अपेक्षाकृत कम होती है।
  • इनका आकार अनियमित होता है।

2. कृत्रिम चुंबक (Artificial Magnet)

मनुष्य द्वारा विभिन्न आकारों एवं आवश्यकताओं के अनुसार बनाए गए चुंबकों को कृत्रिम चुंबक कहते हैं।

मुख्य प्रकार

  • छड़ चुंबक (Bar Magnet)
  • U-आकार चुंबक (Horseshoe Magnet)
  • वलय चुंबक (Ring Magnet)
  • बेलनाकार चुंबक (Cylindrical Magnet)
  • डिस्क चुंबक (Disc Magnet)

चुंबकीय एवं अचुंबकीय पदार्थ

सभी पदार्थ चुंबक की ओर आकर्षित नहीं होते। आकर्षण के आधार पर पदार्थों को दो वर्गों में बाँटा जाता है।

चुंबकीय पदार्थ अचुंबकीय पदार्थ
चुंबक की ओर आकर्षित होते हैं। चुंबक की ओर आकर्षित नहीं होते।
लोहा लकड़ी
निकेल प्लास्टिक
कोबाल्ट काँच
इस्पात रबर

चुंबक के ध्रुव (Magnetic Poles)

चुंबक के दोनों सिरों पर चुंबकीय बल सबसे अधिक होता है। इन्हें चुंबकीय ध्रुव कहते हैं।

  • उत्तरी ध्रुव (North Pole)
  • दक्षिणी ध्रुव (South Pole)

यदि किसी चुंबक को धागे से स्वतंत्र रूप से लटकाया जाए, तो उसका एक सिरा उत्तर दिशा तथा दूसरा सिरा दक्षिण दिशा की ओर स्थिर हो जाता है।

चुंबकों के ध्रुवों का व्यवहार

  • समान ध्रुव (N-N या S-S) एक-दूसरे को प्रतिकर्षित करते हैं।
  • असमान ध्रुव (N-S) एक-दूसरे को आकर्षित करते हैं।

याद रखें

  • Like Poles → Repel
  • Unlike Poles → Attract

चुंबकीय क्षेत्र (Magnetic Field)

चुंबक के चारों ओर का वह अदृश्य क्षेत्र जहाँ तक उसका प्रभाव कार्य करता है, चुंबकीय क्षेत्र कहलाता है।

इस क्षेत्र को लोहे के बुरादे (Iron Filings) की सहायता से आसानी से देखा जा सकता है। बुरादा चुंबकीय क्षेत्र रेखाओं के अनुसार व्यवस्थित हो जाता है।

पृथ्वी एक विशाल चुंबक

पृथ्वी का अपना चुंबकीय क्षेत्र होता है। इसी कारण स्वतंत्र रूप से लटकाया गया चुंबक उत्तर-दक्षिण दिशा में स्थिर हो जाता है। यही सिद्धांत कंपास के कार्य करने का आधार है।

चुंबकीय दिक्सूचक (Compass)

कंपास दिशा ज्ञात करने वाला एक महत्वपूर्ण उपकरण है। इसमें एक छोटी चुंबकीय सुई होती है जो कम घर्षण पर स्वतंत्र रूप से घूम सकती है।

उपयोग

  • दिशा ज्ञात करने में।
  • नौवहन में।
  • पर्वतारोहण में।
  • यात्रा एवं सर्वेक्षण कार्यों में।

चुंबकों के दैनिक जीवन में उपयोग

  • फ्रिज के दरवाजों में।
  • स्पीकर एवं हेडफोन में।
  • मोबाइल फोन में।
  • विद्युत मोटर एवं जनरेटर में।
  • कंप्यूटर हार्ड डिस्क में।
  • एमआरआई मशीन में।
  • चुंबकीय खिलौनों में।
  • बैग एवं पर्स की चुंबकीय क्लिप में।

चुंबकों की देखभाल

  • चुंबक को बार-बार गिराना नहीं चाहिए।
  • हथौड़े से नहीं मारना चाहिए।
  • अधिक गर्म नहीं करना चाहिए।
  • बार चुंबकों को कीपर लगाकर रखना चाहिए।
  • इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों एवं एटीएम/क्रेडिट कार्ड से दूर रखना चाहिए।

Interesting Facts (रोचक तथ्य)

  • पृथ्वी स्वयं एक विशाल चुंबक की तरह कार्य करती है।
  • यदि चुंबक को बीच से तोड़ा जाए, तब भी दोनों टुकड़ों में दो-दो ध्रुव बन जाते हैं।
  • अब तक केवल एक ध्रुव वाला चुंबक (Magnetic Monopole) प्राकृतिक रूप से नहीं मिला है।
  • मोबाइल, स्पीकर, इलेक्ट्रिक बेल तथा मोटर सभी चुंबक के सिद्धांत पर कार्य करते हैं।

Remember Points (याद रखने योग्य बातें)

  • प्रत्येक चुंबक के दो ध्रुव होते हैं।
  • समान ध्रुव प्रतिकर्षित तथा असमान ध्रुव आकर्षित करते हैं।
  • चुंबकीय बल ध्रुवों पर सबसे अधिक होता है।
  • कंपास दिशा ज्ञात करने का सबसे सरल उपकरण है।
  • पृथ्वी का चुंबकीय क्षेत्र कंपास को कार्य करने में सहायता करता है।
  • चुंबकों का उपयोग आधुनिक विज्ञान एवं तकनीक के लगभग प्रत्येक क्षेत्र में होता है।

Chapter Summary (अध्याय सारांश)

चुंबक एक ऐसा पदार्थ है जो कुछ विशेष धातुओं को आकर्षित करता है। यह प्राकृतिक तथा कृत्रिम दोनों प्रकार का हो सकता है। प्रत्येक चुंबक में उत्तरी एवं दक्षिणी दो ध्रुव होते हैं। समान ध्रुव प्रतिकर्षित तथा असमान ध्रुव आकर्षित करते हैं। चुंबकीय क्षेत्र, कंपास तथा पृथ्वी का चुंबकीय क्षेत्र चुंबकत्व की महत्वपूर्ण अवधारणाएँ हैं। आज चुंबकों का उपयोग घरेलू वस्तुओं से लेकर आधुनिक वैज्ञानिक उपकरणों तक लगभग हर क्षेत्र में किया जा रहा है।

Chapter 4. चुंबकों को जानें

Class 6 Science Curiosity Hindi Updated : 09 July 2026

Chapter 4. चुंबकों को जानें

इस अध्याय में आपने चुंबकों के गुण, प्रकार, ध्रुवों, चुंबकीय पदार्थों, कंपास तथा दैनिक जीवन में चुंबकों के उपयोगों का अध्ययन किया। नीचे दिए गए अभ्यास प्रश्न आपकी अवधारणात्मक समझ, तार्किक क्षमता तथा परीक्षा की तैयारी को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से तैयार किए गए हैं।

Assignments - What Have You Learned? (अध्याय अभ्यास प्रश्न)

इन अभ्यास प्रश्नों का उद्देश्य अध्याय की संपूर्ण पुनरावृत्ति कराना तथा विद्यार्थियों की अवधारणाओं को मजबूत बनाना है। पहले सभी प्रश्न स्वयं हल करने का प्रयास करें।

Test Your Learning (अध्याय अभ्यास प्रश्न)

रिक्त स्थान भरिए

  1. चुंबक के ________ ध्रुव होते हैं।
  2. प्राकृतिक चुंबक का प्रमुख उदाहरण ________ है।
  3. समान ध्रुव एक-दूसरे को ________ करते हैं।
  4. असमान ध्रुव एक-दूसरे को ________ करते हैं।
  5. दिशा ज्ञात करने वाले उपकरण को ________ कहते हैं।
  6. लोहा एक ________ पदार्थ है।
  7. लकड़ी एक ________ पदार्थ है।
  8. स्वतंत्र रूप से लटका चुंबक ________ दिशा में ठहरता है।
  9. चुंबकीय बल सबसे अधिक ________ पर होता है।
  10. पृथ्वी एक विशाल ________ के समान कार्य करती है।

सही या गलत लिखिए

  1. प्रत्येक चुंबक का केवल एक ध्रुव होता है।
  2. समान ध्रुव एक-दूसरे को प्रतिकर्षित करते हैं।
  3. लोहा चुंबकीय पदार्थ है।
  4. कंपास दिशा ज्ञात करने में सहायता करता है।
  5. काँच चुंबकीय पदार्थ है।
  6. पृथ्वी का अपना चुंबकीय क्षेत्र होता है।
  7. चुंबक का प्रभाव केवल धातुओं पर ही पड़ता है।
  8. प्राकृतिक चुंबक को लोहरेतन कहते हैं।
  9. चुंबकीय बल ध्रुवों पर सबसे अधिक होता है।
  10. फ्रिज के दरवाजे में चुंबक का उपयोग किया जाता है।

मिलान कीजिए

स्तंभ A स्तंभ B
लोहरेतन प्राकृतिक चुंबक
कंपास दिशा ज्ञात करना
उत्तरी ध्रुव उत्तर दिशा की ओर संकेत
लकड़ी अचुंबकीय पदार्थ
लोहा चुंबकीय पदार्थ

एक शब्द में उत्तर दीजिए

  1. प्राकृतिक चुंबक का नाम।
  2. दिशा ज्ञात करने वाला उपकरण।
  3. चुंबक का उत्तर दिशा बताने वाला सिरा।
  4. चुंबक का दूसरा ध्रुव।
  5. चुंबक की ओर आकर्षित होने वाले पदार्थ।
  6. समान ध्रुवों के बीच होने वाली क्रिया।
  7. असमान ध्रुवों के बीच होने वाली क्रिया।
  8. चुंबक का अदृश्य प्रभाव क्षेत्र।
  9. लोहे का एक गुण।
  10. चुंबक का सामान्य कृत्रिम प्रकार।

अति लघु उत्तरीय प्रश्न

  1. चुंबक क्या है?
  2. प्राकृतिक चुंबक किसे कहते हैं?
  3. कृत्रिम चुंबक किसे कहते हैं?
  4. चुंबकीय पदार्थ क्या होते हैं?
  5. अचुंबकीय पदार्थ क्या होते हैं?
  6. चुंबक के कितने ध्रुव होते हैं?
  7. कंपास का क्या उपयोग है?
  8. चुंबकीय क्षेत्र क्या है?
  9. चुंबकीय बल कहाँ सबसे अधिक होता है?
  10. पृथ्वी को विशाल चुंबक क्यों कहा जाता है?

लघु उत्तरीय प्रश्न

  1. प्राकृतिक एवं कृत्रिम चुंबकों में अंतर लिखिए।
  2. चुंबकीय एवं अचुंबकीय पदार्थों में अंतर स्पष्ट कीजिए।
  3. समान एवं असमान ध्रुवों का व्यवहार समझाइए।
  4. कंपास कैसे कार्य करता है?
  5. चुंबकों के चार उपयोग लिखिए।
  6. चुंबकों को सुरक्षित रखने की सावधानियाँ लिखिए।
  7. पृथ्वी का चुंबकीय क्षेत्र क्या है?
  8. चुंबकीय क्षेत्र का महत्व लिखिए।
  9. चुंबकीय पदार्थों की पहचान कैसे करेंगे?
  10. यदि किसी चुंबक को बीच से तोड़ दिया जाए तो क्या होगा?

दीर्घ उत्तरीय प्रश्न

  1. चुंबक क्या है? इसके प्रकार एवं प्रमुख गुणों का विस्तार से वर्णन कीजिए।
  2. चुंबकीय एवं अचुंबकीय पदार्थों का उदाहरण सहित तुलनात्मक अध्ययन कीजिए।
  3. चुंबकीय दिक्सूचक (कंपास) की संरचना, कार्यविधि एवं उपयोगों का वर्णन कीजिए।
  4. चुंबकों के वैज्ञानिक तथा दैनिक जीवन में उपयोगों का विस्तार से वर्णन कीजिए।
  5. चुंबकों की देखभाल एवं संरक्षण के लिए आवश्यक सावधानियों का वर्णन कीजिए।

Case Study Based Questions (केस स्टडी आधारित प्रश्न)

केस स्टडी: रिया ने विज्ञान प्रयोगशाला में एक छड़ चुंबक लिया। उसने देखा कि लोहे की पिनें चुंबक से चिपक गईं, लेकिन प्लास्टिक की स्केल और लकड़ी की पेंसिल पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा। बाद में उसने चुंबक को धागे से लटकाया, तो वह उत्तर-दक्षिण दिशा में स्थिर हो गया।

  1. रिया द्वारा उपयोग किया गया उपकरण कौन-सा था?
  2. लोहे की पिनें चुंबक से क्यों चिपक गईं?
  3. प्लास्टिक की स्केल पर चुंबक का प्रभाव क्यों नहीं पड़ा?
  4. चुंबक उत्तर-दक्षिण दिशा में क्यों स्थिर हो गया?
  5. इस गतिविधि से चुंबक के कौन-कौन से गुण सिद्ध होते हैं?

Competency Based Questions (क्षमता आधारित प्रश्न)

  1. अपने घर में चुंबक से चलने वाली पाँच वस्तुओं की सूची बनाइए।
  2. दस वस्तुओं की सूची बनाकर उन्हें चुंबकीय एवं अचुंबकीय पदार्थों में वर्गीकृत कीजिए।
  3. कंपास की सहायता से अपने विद्यालय के मुख्य द्वार की दिशा ज्ञात कीजिए।
  4. यदि आपके पास कंपास न हो, तो दिशा ज्ञात करने के अन्य उपाय लिखिए।
  5. अपने शिक्षक की सहायता से चुंबकीय क्षेत्र का सरल प्रयोग कीजिए और निष्कर्ष लिखिए।

HOTS Questions (उच्च स्तरीय चिंतन आधारित प्रश्न)

  1. यदि पृथ्वी का चुंबकीय क्षेत्र समाप्त हो जाए, तो कंपास पर क्या प्रभाव पड़ेगा?
  2. यदि सभी धातुएँ चुंबकीय होतीं, तो हमारे दैनिक जीवन में क्या परिवर्तन होते?
  3. क्या केवल चुंबकीय आकर्षण के आधार पर किसी पदार्थ की पहचान की जा सकती है? कारण सहित उत्तर दीजिए।
  4. यदि चुंबकों में केवल एक ही ध्रुव होता, तो क्या कंपास सही दिशा बता पाता? स्पष्ट कीजिए।
  5. आधुनिक विज्ञान एवं तकनीक में चुंबकों का महत्व भविष्य में और क्यों बढ़ेगा? अपने विचार लिखिए।

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